मौसम बिगड़ रहा है यह जानते हुए भी तब तक लाइफ जैकेट नहीं दी गयी जब तक की हालात बेकाबू नहीं हो गए
नई दिल्ली। जबलपुर डेम एक्सीडेंट में मौत की वजह सिस्टम को संभालने वालों की लापरवाही रही। वोट लाइफ जैकेट तभी बांटी गईं जब क्रूज डूबने लगा था। एक जीवित बचे व्यक्ति जूलियस ने कहा, “यात्रा के दौरान सुरक्षा के कोई भी उपाय दिखाई नहीं दे रहे थे। जब क्रूज डूबने लगा तो अफरा-तफरी मच गई और तभी लाइफ जैकेट बांटी गईं।” तब तक काफी देर हो चुकी थी। अब बारी मौत की थी नतीजा सबके सामने है। क्रूज पलटने से पहले ही तेज हवाएं चल रही थीं। उन्होंने कहा, “हमने क्रूज चलाने वाले से वापस लौटने को कहा, लेकिन उसने हमारी बात नहीं सुनी। क्रूज बांध के बीच में ही पलट गया। हम लगभग 15-16 लोगों को बचाने में कामयाब रहे।” जबलपुर के पास नर्मदा नदी पर बने बरगी बांध में मध्य प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा चलाई जा रही एक क्रूज बोट पलट जाने से कम से कम नौ लोगों की मौत हो गई।अधिकारियों ने बताया कि बोट में चालक दल के सदस्यों सहित करीब 43 यात्री सवार थे। अचानक आए एक तेज और भयंकर तूफान की चपेट में आने से बोट पलट गई।
जिंदगी की चार लाख
हादसे में जिनकी मौत हो गयी है उनकी जिंदगी की कीमत चार लाख लगायी गयी है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि बचाव अभियान युद्धस्तर पर चल रहे हैं और उन्होंने प्रभावित परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की। राज्य सरकार ने प्रत्येक मृतक के परिजनों के लिए 4 लाख रुपये के मुआवजे की घोषणा की है और इस घटना की जांच के आदेश दिए हैं।
चालिस लोग थे क्रूज में
हादसे का शिकार हुए क्रूज में चालिस लोग सवार थे। इनमें बच्चे व महिलाओं की संख्या काफी ज्यादा है। गुरुवार देर रात तक खोज और बचाव अभियान जारी रहा। इस काम के लिए घटनास्थल पर राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF), राज्य आपदा प्रबंधन इकाइयों और स्थानीय प्रशासन की टीमों को तैनात किया गया था। शुक्रवार को कुछ और शव बरामद होने के बाद मरने वालों की संख्या बढ़कर नौ हो गई।


