सेंट्रल मार्केट में सेटबैक के फिर चिपके नोटिस, धरने पर बैठे व्यापारी परिवारों को विपक्ष से मदद की दरकार, मुखिया गुर्जर प्रकरण के बाद अब विपक्ष के नेताओं ने भी बना ली दूरी
मेरठ। सेंट्रल मार्केट सेक्टर दो में आज फिर सेटबैक के नोटिस कई मकानों पर चिपका दिए गए हैं। नोटिस चिपकाए जाने की कार्रवाई के बाद से धरने पर बैठे व्यापारियों के परिवार वालों में जबरदस्त नाराजगी है। नोटिस चिपकाए जाने के बाद विपक्षी दलों के जो नेता उनके पास पहुंच रहे थे उनसे दोबारा संपर्क किए जाने की बात पता चला है, वहीं दूसरी ओर यह भी जानकारी मिली है कि सपा नेता मुखिया गुर्जर प्रकरण के बाद अब विपक्षी दलों के नेताओं ने सेंट्रल मार्केट मामले से खुद को अलग कर लिया है। केवल मुखिय गुर्जर प्रकरण ही नहीं बल्कि कांग्रेस नेत्री रीना शर्मा की अरेस्टिंग मामले को लेकर नाराजगी बतायी जा रही है।
आहत है रवैये से
बताया गया है कि कांग्रेस नेत्री रीना शर्मा जिन्हें धरने पर मौजूद होने के चलते पुलिस ने अरेस्ट कर लिया था, लेकिन बाद में उन्हें शहर कांग्रेस अध्यक्ष थाना नौचंदी से छुड़ा लाए थे, उन रीना शर्मा को भी धरने पर बैठीं व्यापारियों के परिवार की महिलाओं ने ही खुद बार-बार आग्रह कर बुलाया था, लेकिन जब उन्हें पुलिस वाले थाने ले गए तो धरने पर बैठे लोगों ने उनके समर्थन में थाना नौचंदी तक पहुंचना गंवारा नहीं किया। इन दो घटनाओं के बाद विपक्षी नेताओं ने अब सेंट्रल मार्केट प्रकरण को लेकर दूरी बनानी शुरू कर दी है। दरअसल जब मुखिया गुर्जर वहां पहुंचे थे तो उनको धरने पर बैठे परिवारों ने ही वापस लौट दिया। तब विधायक अतुल प्रधान ने कहा था कि विपक्ष के नेता केवल व्यापारियों की मदद के लिए आ रहे हैं, यदि उनके साथ इस प्रकार से अपमानित करने वाला व्यवहार किया जाएगा तो कोई मदद को नहीं आएंगा। वैसे भी भाजपाइयों से मदद की उम्मीद ना रखें तो ही बेहतर है। धरने पर मौजूद कुछ लोगों ने अपने पहचान छिपाते हुए यह भी बताया कि विपक्ष के नेताओं ने ही नहीं बल्कि अब तो व्यापार संघ के एक धड़े में सेंट्रल मार्केट को लेकर खींचाव साफ महसूस किया जा सकता है।
मान रहे हैं नहीं करना था ऐसा
सुप्रीमकोर्ट में सेंट्रल मार्केट प्रकरण को लेकर प्रस्तावित अगली सुनवाई और सेक्टर दो के मकानों पर सेटबैक के नोटिसों की जारी कार्रवाई के बाद धरने पर बैठे तमाम लोगों अब कह रहे हैं कि उन्होंने विपक्ष के नेताओं के साथ जो व्यवहार किया वो नहीं करना चाहिए था। वो लोग मदद के लिए आए थे, यहां से कोई बहुत बड़ा राजनीतिक बैनिफिट उन्हें नहीं होने जा रहा था। सूत्रों की मानें तो जिन लोगों के आग्रह पर विपक्ष के नेता पूर्व में सेंट्रल मार्केट पहुंचे थे, उन्होंने दोबारा संपर्क किया है। हालांकि बात बनी याा नहीं इसकी जानकारी नहीं मिल सकी है।
मोदी आओ योगी आओ रामजी को साथ लाओ
सेंट्रल मार्केट और सेक्टर दो को लेकर व्यापारियों और परिवार वालों के तमाम फोटो व वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। सोशल मीडिया पर जो ताजा वीडियो वायरल हो रहा है उसमें धरने पर बैठी महिलाएं नारे लगाती देखी जा सकती हैं। वो कह रही है मोदी जी आओ योगी आओ साथ में राम जी को भी लाओ। यह वीडिया सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में महिलाएं यह भी कह रही हैं कि उन्हें अब मदद का कोई रास्ता नहीं नजर आ रहा है। उनकी मदद अब केवल पीएम मोदी और सीएम योगी ही कर सकते हैं।
बीमार हो रहीं महिला बच्चे
सेक्टर दो में धरने पर बैठे व्यापारियों के परिवारों की महिलाएं और बच्चों पर जानलेवा गर्मी भारी पड़ रही है। बताया गया है कि करीब दो दर्जन से ज्यादा महिलाएं और छोट बच्चे जो गर्मी बर्दाश्त नहीं कर सके हैं बीमार हो गए हैं। कई तो डायरिया हो गया है। बुखार और बदन दर्द की शिकायत सभी को है। धरने पर बैठे बैठे जो बीमार हो गए हैं, उनको चिकित्सकीय सहायता तक नहीं दी जा रही है। इतना ही नहीं यह भी पता चला है कि बुखार के बाद भी कई महिलाएं धरना स्थल पर डटी हुई हैं। उन्हें अपना घर भी बचाना है और पति का रोजगार भी।


