सदर दुर्गाबाड़ी स्थित प्राचीन दिगंबर जैन पंचायती मंदिर में करोड़ों के चढावा चोरी, व सोने चांदी आदि गवन तथा मंदिर पर काविज होने के लिए फर्जी चुनाव मामले में सदर पुलिस ने दर्ज की है एफआईआर
मेरठ। सदर दुर्गाबाड़ी स्थित प्राचीन दिगंबर जैन पंचायती मंदिर में करोड़ों के चढावा चोरी, व सोने चांदी आदि गवन तथा मंदिर पर काविज होने के लिए फर्जी चुनाव मामले में अभियुक्तों में शामिल सुनील कुमार जैन सर्राफ पुत्र मूलचंद जैन निवासी कलालखाना थाना सदर बाजार और सुनील कुमार जैन चावल पुत्र सतीश चंद जैन निवासी 731/ए पीएल शर्मा रोड थाना लालकुर्ती ने जेल जाने की आशंका के चलते न्यायालय अपर सिविल जज (सीडी) कोर्ट संख्या-7 में जमात अर्जी दाखिल की है। हालांकि उनको जमानत दिए जाने का ऋषभ एकाडेमी के सचिव व सदर जैन मंदिर में किए गए करीब पांच सौ करोड़ के चढ़ावा चोरी के इस मामले का खुलासा कर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने वाले डा. संजय जैन की ओर से पुरजोर विरोध किया गया है।
सुनील कुमार जैन सर्राफ व सुशील कुमार जैन पर पर भी लगे 467
जैन मंदिर में चढावा चोरी मामले में अभियुक्तों में शामिल सुनील कुमार जैन सर्राफ और सुशील कुमार जैन की जमानत का विरोध करते हुए डा. संजय जैन की ओर से अदालत को बताया गया कि थाना सदर बाजार पुलिस से साज करते हुए दोनों अभियुक्तों ने अपनी धाराएं कम करा ली हैं जो गलत है। उन्होंने अदालत से प्रार्थना की कि सुनील कुमार जैन सर्राफ और सुशील कुमार जैन की जमानत को खारिज करते हुए उनके खिलाफ 467, 471 व 120-बी की धारा भी लगायी जाएं। चढ़ावा चोरी और सदर जैन मंदिर पर अवैध रूप से काविज होने के लिए सभी 9 अभियुक्तों का अपराध समान है। इस बात को अभियुक्तों ने पुलिस को दिए गए अपने बयान में स्वीकार किया है। उन्होंने यह भी माना है कि मंदिर के तथाकथित चुनाव कराने के लिए जो फर्जी दस्तावेज तैयार कराए गए उन जो हस्ताक्षर वो उन्हीं के हैं। डा. संजय जैन का तर्क है कि जब सुनील कुमार जैन व सुशील कुमार जैन स्वीकार कर रहे हैं कि हस्ताक्षर उनके हैं तो फिर पुलिस ने किस आधार पर उनके खिलाफ 467, 473 व 120-बी की धारा नहीं लगायी है। इन दोनों को बजाए जमानत देने के इनके खिलाफ 467, 473 व 120-बी की धारा बढ़ायी जानी चाहिए।
फिर होगी सुनवाई
सुनील कुमार जैन सर्राफ पुत्र मूलचंद जैन निवासी कलालखाना थाना सदर बाजार और सुनील कुमार जैन चावल पुत्र सतीश चंद जैन निवासी 731/ए पीएल शर्मा रोड थाना लालकुर्ती की ओर से 7 सितंबर को जमानत की अर्जी दाखिल की गयी। इस बजाए जमानत स्वीकार करने के लिए अदालत ने होल्ड करते हुए 8 सितंबर की तारीख मुकर्रर कर है।


