ईरान व यूएस के बीच सीज फायर के बाद होर्मूज मार्ग खुलने की उम्मीदों पर लेबनान पर की गयी एयर स्ट्राइक ने फेरा पानी
नई दिल्ली। इजरायल क्या अब मिडिल ईस्ट की शांति के लिए गंभीर खतरा बन गया है। यह बात इसलिए कही जा रही है क्योंकि ईरान और यूएस के बीच हुए सीज फायर के बाद होर्मूज समुंद्री रास्ते को खुलने की जो उम्मीदें पूरी दुनिया और खासतौर से अमेरिका व भारत जैसे देशों को थी, लेबनान एक ही दिन में सौ से ज्यादा एयर स्ट्राइक कर इजरायल ने उन उम्मीदों पर पानी फेर दिय है। लेबनान पर एयर स्ट्राइक में तीन सौ की मौत और हजार से ज्यादा जख्मी होने को ईरान ने सीज फायर टूट जाना माना।
डोनाल्ड ट्रंप बना रहे प्रेशर
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अब इजरायल पर प्रेशर बना रहे हैं। यूएस समझ चुका है कि सीज फायर की मेहनत पर इजरायल की कोई भी हरकत पानी फेर देगी। ट्रंप इजरायल पर लेबनान में अपने अभियानों को कम करने के लिए दबाव डाल रहे हैं और प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से इसे “कम करने” के लिए कह रहे हैं। हालांकि ट्रंप ने ईरान को होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने के लिए जहाज मालिकों से शुल्क लेने के खिलाफ आगाह किया है, और कहा है कि यह अस्वीकार्य होगा।
अंतर्राष्ट्रीय दबाव
इजरायल पर संयम बरतने के लिए वैश्विक अपीलें तेज़ हो रही हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन के प्रमुख ने इज़राइल से बेरूत के उन अस्पतालों को प्रभावित करने वाली निकासी की धमकियों को वापस लेने का आग्रह किया है, जहां सैकड़ों मरीज़ भर्ती हैं। कनाडा के विदेश मंत्री ने इज़राइल से “लेबनान की क्षेत्रीय अखंडता का सम्मान करने” का आह्वान किया।
ईरानी मिसाइलों से डरा है तेल अबीब
लेबनान पर एयर स्ट्राइक के बाद इजरायल को ईरानी मिसाइलों का डर सताने लगा था। लेबनान से रॉकेट हमले के बाद, वाणिज्यिक केंद्र तेल अवीव और दक्षिणी तटीय शहर अशदोद सहित पूरे इजरायल में हवाई हमले की चेतावनी जारी की गई।


