
ईरान के साथ अमेरिकी समझौते से इजरालय में भारी नाराजगी, बेन्जामिन नेतन्याहू निकाल रहे गाजा की मासूमों पर गुस्सा

नई दिल्ली। अमेरिका के साथ किए गए शांति समझौते में ईरान की प्रमुख शर्त लेबनान पर एयर स्ट्राइक यानि हमलों को रोके जाने की बात शामिल किए जाने के बावजूद इजरायल ने लेबनान में हमले नहीं रोके हैं। आज तड़के लेबनान पर की गई भारी बमबारी में कई मासूमों की मौत हो गयी। वहीं दूसरी ओर ईरान ने चेतावनी दी है कि यदि लेबनान पर इजरायल के हमले नहीं रोके जाते तो फिर जो समझौता अमेरिका ने किया है उसके कोई मायने नहीं रह जाएंगे। और इसके लिए पूरी तरह से अमेरिका जिम्मेदार होगा। क्योंकि समझौता तभी मान्य होगा जब इसकी सभी शर्तों का दोनों पक्ष मानें। इस समझौते की प्रमुख शर्त में लेबनान पर इजरायली बमबारी का रोका जाना है।
इजरायल में ट्रक के प्रति नाराजगी
ईरान के साथ किए गए समझौते के बाद इजरायल में ट्रंप के प्रति वहां के लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। इजरायलियों ने ट्रंप पर ठगी का आरोप लगाया है। अमेरिका और इज़राइल के बीच बढ़ती दरार बुरी तरह से गहरा गयी है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर ईरान के साथ अंतरिम समझौते के बाद इज़राइल को उसके सबसे बड़े दुश्मन के हवाले करने का आरोप लगाया जा रहा है। इजरायली इसको अमेरिका का विश्वासघात करार दे रहे हैं। क्योंकि समझौते की शर्तों को लेकर सार्वजनिक और राजनीतिक आक्रोश सुर्खियों में छाया रहा, जिसमें ईरान पर संयुक्त अमेरिकी-इजरायली युद्ध को समाप्त करने के व्यापक नियम बताए गए हैं।
इजरायली मीडिया के निशाने पर ट्रंप
इजरायली मीडिया ट्रंप को बुरी तरह से ट्रोल कर रहा है। एक विशेष लेख में कहा गया है कि , “आप अब तक के सबसे महान राष्ट्रपति बन सकते थे, लेकिन आप असफल रहे” शीर्षक वाले एक संपादकीय में ट्रंप पर “एक हत्यारे और क्रूर आतंकवादी शासन के साथ आत्मसमर्पण समझौते” पर हस्ताक्षर करने का आरोप लगाया गया। एक विशेष रूप से तीखे हमले में, “आप अब तक के सबसे महान राष्ट्रपति बन सकते थे, लेकिन आप असफल रहे” शीर्षक वाले एक संपादकीय में ट्रंप पर “एक हत्यारे और क्रूर आतंकवादी शासन के साथ आत्मसमर्पण समझौते” पर हस्ताक्षर करने का आरोप लगाया गया।
“अपमानित”करने का आरोप
ट्रंप को लिखे गए एक पत्र के रूप में लिखे गए इस पत्र में, समझौते की आलोचना करने में इजरायल के कुछ अतिवादी राजनेताओं से भी आगे बढ़कर अमेरिकी राष्ट्रपति पर एक नए युद्ध की ओर घड़ी को मोड़ देने और अपने देश को “अपमानित” करने का आरोप लगाया गया। इसमें कहा गया है, “पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा के चेहरे पर फैली चौड़ी मुस्कान में उस व्यक्ति के प्रति बहुत उपहास छिपा था जिसने उनके समझौते को अब तक का सबसे खराब समझौता बताया था।


